tan-e-be-jaan men ab raha kya hai | तन-ए-बे-जाँ में अब रहा क्या है

  - Pandit Jagmohan Nath Raina Shauq
तन-ए-बे-जाँमेंअबरहाक्याहै
देखिएमर्ज़ी-ए-ख़ुदाक्याहै
अपनीहालतपेआजरोताहै
दिल-ए-दीवानाकोहुआक्याहै
तबीबोतुम्हेंख़ुदाकीक़सम
सचबतादोकिमाजराक्याहै
मैंख़तावारहीसहीलेकिन
सुनतोलोपहलेमाजराक्याहै
खुलाआजतककिसीपरभी
ख़त-ए-तक़्दीरमेंलिखाक्याहै
क्यूँँयेचुपचुपगएअदमवाले
या-इलाहीयेमाजराक्याहै
लब-ए-ज़ख़्म-ए-जिगरतोहँसतेहैं
तूनेबख़िया-गरसियाक्याहै
दिलतोक्याजानइश्क़मेंदेदी
येपूछाकिमुद्दआ'क्याहै
उठकेपिछलेसेआहोंकाभरना
'शौक़'तेरायेमश्ग़लाक्याहै
  - Pandit Jagmohan Nath Raina Shauq
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