ye tark ho ke khashin kaj agar kulaah karen | ये तर्क हो के ख़शिन कज अगर कुलाह करें

  - Meer Taqi Meer
येतर्कहोकेख़शिनकजअगरकुलाहकरें
तोबुल-हवसकभूचश्मकोसियाहकरें
तुम्हेंभीचाहिएहैकुछतोपासचाहतका
हमअपनीऔरसेयूँँकबतलकनिबाहकरें
रखाहैअपनेतईंरोकरोककरवर्ना
सियाहकरदेंज़मानेकोहमजोआहकरें
जोउसकीऔरकोजानामिलेतोहमभीज़ईफ़
हज़ारसज्देहरइकगामसरबराहकरें
हवा-ए-मय-कदायेहैतोफ़ौत-ए-वक़्तहैज़ुल्म
नमाज़छोड़देंअबकोईदिनगुनाहकरें
हमेशाकौनतकल्लुफ़हैख़ूब-रूयोंका
गुज़ारनाज़सेईधरभीगाहगाहकरें
अगरउठेंगेइसीहालसेतोकहियोतू
जोरोज़-ए-हश्रतुझीकोउज़्र-ख़्वाहकरें
बुरीबलाहैंसितम-कुश्ता-ए-मोहब्बतहम
जोतेग़बरसेतोसरकोकुछपनाहकरें
अगरचेसहलहैंपरदीदनीहैंहमभी'मीर'
उधरकोयारतअम्मुलसेगरनिगाहकरें
  - Meer Taqi Meer
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