पलभरमेंमुहब्बतकाअफ़सानाबनादूँगी
मैंशम्अकातुमकोभीपरवानाबनादूँगी
बीतेहुएलम्हेफिरवापसनहींआतेहैं
गुज़राजोज़मानामैंबेगानाबनादूँगी
क़िस्मतकाकरममुझपरहोजाएज़राफिरमैं
इससारेज़मानेकोदीवानाबनादूँगी
मय-ख़्वारीअगरतेरीज़िदहैतोयक़ींरखतू
मैंतेरेलिएघरकोमयख़ानाबनादूँगी
छलकातीरहूँगीमयहररोज़निगाहोंसे
दीदारमिलेफिरमैंपैमानाबनादूँगी
गरकाँटेंचुभेतुझकोफूलोंकेचमनमेंतो
गुलज़ारचमनकोभीवीरानाबनादूँगी
शिकवाकरूँँमैंक्यूँकरउसकीजफ़ाकामीना
हरग़मकोमुहब्बतकानज़रानाबनादूँगी