mujhko zaruraton ne yuñ laachaar kar diya | मुझको ज़रूरतों ने यूँँ लाचार कर दिया

  - Meena Bhatt
मुझकोज़रूरतोंनेयूँँलाचारकरदिया
इसज़िंदगीकोकूचा-ए-बाज़ारकरदिया
इश्क़तेरीज़िदनेख़लफ़शारकरदिया
कितनोंकादाग़दारहीकिरदारकरदिया
इन्साफ़मुंसिफ़ोंकायेलायाहमेंकहाँ
हरबे-क़ुसूरकोहीगुनहगारकरदिया
बे-साख़्ताजबउसनेकहाचाहताहूँमैं
नज़रेंझुकाकेमैंनेभीइक़रारकरदिया
महरूमबाम-ओ-दरमेरादीदार-ए-यारसे
ज़ल्वोंसेउसनेग़ैरकोज़रदारकरदिया
जिसनेभीसरउठायाज़मानेनेउसकोफिर
इल्ज़ाम-ए-आशिक़ीमेंसर-ए-दारकरदिया
मेराजउसकोमिलगईहक़पेसदारही
'मीना'कारबनेऊँचाहीमेआरकरदिया
  - Meena Bhatt
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy