watan ki sar-zameen se ishq o ulfat ham bhi rakhte hain | वतन की सर-ज़मीं से इश्क़ ओ उल्फ़त हम भी रखते हैं

  - Josh Malsiyani
वतनकीसर-ज़मींसेइश्क़उल्फ़तहमभीरखतेहैं
खटकतीजोरहेदिलमेंवोहसरतहमभीरखतेहैं
ज़रूरतहोतोमरमिटनेकीहिम्मतहमभीरखतेहैं
येजुरअतयेशुजाअतयेबसालतहमभीरखतेहैं
ज़मानेकोहिलादेनेकेदावेबाँधनेवालो
ज़मानेकोहिलादेनेकीताक़तहमभीरखतेहैं
बलासेहोअगरसाराजहाँउनकीहिमायतपर
ख़ुदा-ए-हर-दो-आलमकीहिमायतहमभीरखतेहैं
बहार-ए-गुलशन-ए-उम्मीदभीसैराबहोजाए
करमकीआरज़ूअब्र-ए-रहमतहमभीरखतेहैं
गिलाना-मेहरबानीकातोसबसेसुनलियातुमने
तुम्हारीमेहरबानीकीशिकायतहमभीरखतेहैं
भलाईयेकिआज़ादीसेउल्फ़ततुमभीरखतेहो
बुराईयेकिआज़ादीसेउल्फ़तहमभीरखतेहैं
हमारानामभीशायदगुनहगारोंमेंशामिलहो
जनाब-ए-'जोश'सेसाहबसलामतहमभीरखतेहैं
  - Josh Malsiyani
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