syaahi kudoorat ki dil se nikaalo | स्याही कुदूरत की दिल से निकालो

  - Jameel Azimabadi
स्याहीकुदूरतकीदिलसेनिकालो
नज़रकोमोहब्बतकेसाँचेमेंढालो
वतनकेतअ'य्युनसेबालाहैमोमिन
ज़मानेकानज़्म-ए-गुलिस्ताँसँभालो
निगार-ए-चमनकेतशख़्ख़ुसकीख़ातिर
उख़ुव्वतसदाक़तकोशेवाबनालो
मोहब्बतकाभूकाहैसाराज़माना
ज़मानेकोबढ़करगलेसेलगालो
किसीकासहारासर-ए-राहबनकर
अगरहोसकेतोयेनेकीकमालो
नज़रआएकोईअगरदुखपराया
कतराओउसदुखकोअपनाबनालो
हैज़ुल्मत-कदागोशा-ए-दिलभीजिसका
चराग़-ए-मोहब्बतसेउसकोउजालो
  - Jameel Azimabadi
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