ye jo alfaaz ko mahkaar banaya hua hai | ये जो अल्फ़ाज़ को महकार बनाया हुआ है

  - Jaleel 'Aali'
येजोअल्फ़ाज़कोमहकारबनायाहुआहै
एकगुलकायेसबअसरारबनायाहुआहै
सोचकोसूझकहाँहैकिजोकुछकहपाए
दिलनेक्याक्यापस-ए-दीवारबनायाहुआहै
पैरजातेहैंयेदरिया-ए-शब-ओ-रोज़अक्सर
बाग़इकसैरकोउसपारबनायाहुआहै
शौक़-ए-दहलीज़पेबे-ताबखड़ाहैकबसे
दर्दगूँधेहुएहैंहारबनायाहुआहै
येतोअपनोंहीकेचर्कोंकीसुलगहैवर्ना
दिलनेहरआगकोगुलज़ारबनायाहुआहै
तोड़नाहैजोत'अल्लुक़तोतज़ब्ज़ुबकैसा
शाख़-ए-एहसासपेक्याबारबनायाहुआहै
जाँखपातेहैंग़म-ए-इश्क़मेंख़ुशख़ुश'आली'
कैसीलज़्ज़तकायेआज़ारबनायाहुआहै
  - Jaleel 'Aali'
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