ye ujde baagh veeraane purane | ये उजड़े बाग़ वीराने पुराने

  - Habib Jalib
येउजड़ेबाग़वीरानेपुराने
सुनातेहैंकुछअफ़्सानेपुराने
इकआह-ए-सर्दबनकररहगएहैं
वोबीतेदिनवोयारानेपुराने
जुनूँकाएकहीआलमहोक्यूँँंकर
नईहैशमापरवानेपुराने
नईमंज़िलकीदुश्वारीमुसल्लम
मगरहमभीहैंदीवानेपुराने
मिलेगाप्यारग़ैरोंहीमें'जालिब'
किअपनेतोहैंबेगानेपुराने
  - Habib Jalib
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