vafaa ka ahd tha dil ko sambhaalne ke li.e | वफ़ा का अहद था दिल को सँभालने के लिए

  - Ehsan Danish
वफ़ाकाअहदथादिलकोसँभालनेकेलिए
वोहँसपड़ेमुझेमुश्किलमेंडालनेकेलिए
बँधाहुआहैबहारोंकाअबवहींताँता
जहाँरुकाथामैंकाँटेनिकालनेकेलिए
कोईनसीमकानग़्माकोईशमीमकाराग
फ़ज़ाकोअम्नकेक़ालिबमेंढालनेकेलिए
ख़ुदाकर्दाज़मींपाँवसेअगरखिसकी
बढ़ेंगेतुंदबगूलेसँभालनेकेलिए
उतरपड़ेहैंकिधरसेयेआँधियोंकेजुलूस
समुंदरोंसेजज़ीरेनिकालनेकेलिए
तिरेसलीक़ा-ए-तरतीब-ए-नौकाक्याकहना
हमींथेक़र्या-ए-दिलसेनिकालनेकेलिए
कभीहमारीज़रूरतपड़ेगीदुनियाको
दिलोंकीबर्फ़कोशो'लोंमेंढालनेकेलिए
येशो'बदेहीसहीकुछफ़ुसूँ-गरोंकोबुलाओ
नईफ़ज़ामेंसितारेउछालनेकेलिए
हैसिर्फ़हमकोतिरेख़ाल-ओ-ख़दकाअंदाज़ा
येआइनेतूहैंहैरतमेंडालनेकेलिए
जानेकितनीमसाफ़तसेआएगासूरज
निगार-ए-शबकाजनाज़ानिकालनेकेलिए
मैंपेश-रौहूँइसीख़ाकसेउगेंगेचराग़
निगाह-ओ-दिलकेउफ़ुक़कोउजालनेकेलिए
फ़सील-ए-शबसेकोईहाथबढ़नेवालाहै
फ़ज़ाकीजेबसेसूरजनिकालनेकेलिए
कुएँमेंफेंककेपछतारहाहूँ'दानिश'
कमंदथीजोमिनारोंपरडालनेकेलिए
  - Ehsan Danish
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy