मुझकोअक्सरवहीडरातेहैं
जिनगुनाहोंकोभूलजाताहूँ
मुझकोदेताहैहौसलाकोई
जबभीमुश्किलमेंख़ुदकोपाताहूँ
जबभीहोतीनईग़ज़लकोई
ख़ुदसेपहलेतुझेसुनाताहूँ
लोगगिनतेहैंकिर्चियाँमेरी
इतनेहिस्सेमेंटूटजाताहूँ
राहतकताहूँउसकीमुद्दतसे
जोकहाथामैंलौटआताहूँ
जीतलेताहूँमैंसमुन्दरको
औरक़तरेसेहारजाताहूँ