khushk honthon par sulagti pyaas ka manzar na dekh | ख़ुश्क होंठों पर सुलगती प्यास का मंज़र न देख

  - divya 'sabaa'
ख़ुश्कहोंठोंपरसुलगतीप्यासकामंज़रदेख
ज़ुल्मकेइसशहरसबचकरनिकलमुड़करदेख
अपनीआँखेंबंदकरलेहैयहीइकरास्ता
टूटतीसाँसेंदरीदाजिस्मजलतेघरदेख
अबतोमुझकोदोस्तोंपरदुश्मनोंकाहैगुमाँ
अबमुहब्बतकीनज़रसेभीवफ़ा-परवरदेख
समुंदरकेमुसाफ़िरतोड़मौजोंकाग़ुरूर
होशअपनेरखबजातूफ़ानकेतेवरदेख
फूँकदेतीहैहसदकीआगहासिदकावजूद
गरकोईहोतुझसेेबेहतरतोउसेजलकरदेख
सबाउसरहबर-ए-क़ामिलकेरुख़पररखनज़र
नूरकाएकसिलसिलाहैउससेेतूबाहरदेख
  - divya 'sabaa'
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