na jaane kaun hai aur kis ke intizaar men hai | न जाने कौन है और किस के इंतिज़ार में है

  - Daud Naseeb
जानेकौनहैऔरकिसकेइंतिज़ारमेंहै
वोएकशख़्सजोबरसोंसेरहगुज़ारमेंहै
कहाँयेबाततिरीफ़त्ह-ए-शानदारमेंहै
जोबातदोस्तमिरीमस्लहतकीहारमेंहै
जोदेखूँजानिब-ए-गुलशनभीमैंतोक्यादेखूँ
जोतूनहींहैतोक्यामौसम-ए-बहारमेंहै
अंधेरेहोगएरौशनज़बाँपेआतेही
वोआफ़्ताबकीतासीरज़िक्र-ए-यारमेंहै
येतेरावहमकितूबे-सुकूँनहींदोस्त
शरीकमेरीतड़पभीतिरेक़रारमेंहै
बग़ैरनामलिएभीपुकारकरदेखा
किसीकानामबराबरमिरीपुकारमेंहै
ग़म-ए-हयातसेरौनक़हयातकीहै'नसीब'
किफूलफूलहैजबतकहुजूम-ए-ख़ारमेंहै
  - Daud Naseeb
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