हो जाएँ किसी के जो कभी यार मुनाफ़िक़

  - Danish Aziz
होजाएँकिसीकेजोकभीयारमुनाफ़िक़
समझोकिहुएहैंदर-ओ-दीवारमुनाफ़िक़
बनजाताहैकैसेकोईसालारमुनाफ़िक़
येबातसमझनेकोहैदरकारमुनाफ़िक़
मुमकिनथाकभीउनकोमैंख़ातिरमेंलाता
होतेजोमुक़ाबिलमेरेदो-चारमुनाफ़िक़
इनकोकिसीबाज़ारसेलानानहींपड़ता
यारोंमेंहीमिलजातेहैंतय्यारमुनाफ़िक़
नापैदहुआजाताहैइख़्लासयहाँपर
सरदारमुनाफ़िक़हैसर-ए-दारमुनाफ़िक़
जोशख़्समुनाफ़िक़हैमुनाफ़िक़हीरहेगा
इकबारमुनाफ़िक़होयासौबारमुनाफ़िक़
सच्चाईज़बाँकाटकेचुप-चापखड़ीहै
शोहरतकीबुलंदीपेहैंअख़बारमुनाफ़िक़
लिक्खाहैमुनाफ़िक़नेमुनाफ़िक़काफ़साना
इसवास्तेरक्खेहैंयेकिरदारमुनाफ़िक़
जिसशहरकीबुनियादमुनाफ़िक़नेहोरक्खी
क़ाएमवहाँहोजातीहैसरकारमुनाफ़िक़
मुख़्लिसहैंजोखुलकरमेरीताईदकरेंगे
भड़केंगेयेसुनकरमेरेअशआ'रमुनाफ़िक़
'दानिश'येहक़ीक़तहैभलेमानोमानो
इख़्लासकातयकरतेहैंमें'यारमुनाफ़िक़
  - Danish Aziz
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