teri soorat ko dekhta hooñ mainus ki qudrat ko dekhta hooñ main | तेरी सूरत को देखता हूँ मैं

  - Dagh Dehlvi
तेरीसूरतकोदेखताहूँमैं
उसकीक़ुदरतकोदेखताहूँमैं
जबहुईसुब्हगएनासेह
उन्हींहज़रतकोदेखताहूँमैं
वोमुसीबतसुनीनहींजाती
जिसमुसीबतकोदेखताहूँमैं
देखनेआएहैंजोमेरीनब्ज़
उनकीसूरतकोदेखताहूँमैं
मौतमुझकोदिखाईदेतीहै
जबतबीअतकोदेखताहूँमैं
शब-ए-फ़ुर्क़तउठाउठाकरसर
सुब्ह-ए-इशरतकोदेखताहूँमैं
दूरबैठाहुआसर-ए-महफ़िल
रंग-ए-सोहबतकोदेखताहूँमैं
हरमुसीबतहैबे-मज़ाशब-ए-ग़म
आफ़तआफ़तकोदेखताहूँमैं
मोहब्बतकोजानतेहोतुम
मुरव्वतकोदेखताहूँमैं
कोईदुश्मनकोयूँँदेखेगा
जैसेक़िस्मतकोदेखताहूँमैं
हश्रमें'दाग़'कोईदोस्तनहीं
सारीख़िल्क़तकोदेखताहूँमैं
  - Dagh Dehlvi
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