tabeeb ho ke bhi dil ki davaa nahin karte | तबीब हो के भी दिल की दवा नहीं करते

  - Chand Akbarabadi
तबीबहोकेभीदिलकीदवानहींकरते
हमअपनेज़ख़्मोंसेकोईदग़ानहींकरते
परिंदेउड़नेलगेहैंग़ुरूरकेतेरे
हवामेंकाग़ज़ीपरसेउड़ानहींकरते
नकेलडालनीहैनफ़्सकेइरादोंपर
बिनालगामकेघोड़ेथमानहींकरते
दु'आकोहाथउठातेनहींहरइककेलिए
तोयेभीसचहैकिहमबद-दुआ'नहींकरते
येसुर्ख़आँधियाँक्या'चाँद'काबिगाड़ेंगी
बुलंदपेड़हवासेगिरानहींकरते
  - Chand Akbarabadi
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