ik tira hijr manaane men zamaane lage hain | इक तिरा हिज्र मनाने में ज़माने लगे हैं

  - Dharmesh bashar
इकतिराहिज्रमनानेमेंज़मानेलगेहैं
आँखसेअश्क़बहानेमेंज़मानेलगेहैं
ज़ख़्मउल्फ़तकेभुलानेमेंज़मानेलगेहैं
ख़्वाबआँखोंमेंसजानेमेंज़मानेलगेहैं
इनडरेसह
मेंहुएख़ौफ़-ज़दालोगोंमें
शम'-ए-उम्मीदजलानेमेंज़मानेलगेहैं
झुर्रियाँचेहरेपेऐसीकिमुसव्विरकोभी
मेरीतस्वीरबनानेमेंज़मानेलगेहैं
कितनेहीज़ख़्मनिहाँहैंमिरेइसदिलमेंमगर
हमकोइकज़ख़्मछुपानेमेंज़मानेलगेहैं
वोहसींचेहरावोरुख़्सारवोदिलकशआँखें
वोख़द-ओ-ख़ालभुलानेमेंज़मानेलगेहैं
एकचेहराजो'बशर'आँखोंसेहटताहीनहीं
उसकीतस्वीरबनानेमेंज़मानेलगेहैं
  - Dharmesh bashar
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