नजानेआजक्यूँउनकेलबोंपरमेरानामआया
येकैसाइंक़लाबआयासलामआयापयामआया
मिरीख़ामोशियाँउनवाँबनीहैंकितनेक़िस्सोंका
ज़बाँअबखोलनाहोगीअजबमुश्किलमक़ामआया
जलाईंख़ुदहीशमएँमैंनेऔरख़ुदहीबुझाडालीं
कभीजबयादमुझकोमेराख़्वाब-ए-ना-तमामआया
बिगाड़ेकामदुनियाकेचलाअफ़्लाकसरकरने
बशरकेसरमेंबैठेबैठेक्यासौदा-ए-ख़ामआया
जवानीकहतेहैंलग़्ज़िशहैलेकिनमा'रिफ़तभीहै
कईराहेंनिकलतीहैंजहाँसेवोमक़ामआया
अज़ीज़-ओ-अक़रिबाजितनेथेसबइशरतकेसाथीथे
बुराजबवक़्तआया'ताहिरा'कोईनकामआया