hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Banne Miyan Jauhar
ai mirii pyaari ammaan aanaa
ai mirii pyaari ammaan aanaa | ऐ मिरी प्यारी अम्माँ आना
- Banne Miyan Jauhar
ऐ
मिरी
प्यारी
अम्माँ
आना
निन्दिया
आई
मुझ
को
सुलाना
सुस्त
हैं
आ'ज़ा
मेरे
सारे
आँखें
बंद
हैं
नींद
के
मारे
खाना
पीना
बातें
करना
कुछ
भी
मुझ
को
अब
नहीं
भाता
अम्माँ
मेरा
बिस्तर
लाना
नींद
आई
है
मुझ
को
सुलाना
जल्दी
फिर
उठना
है
मुझ
को
देर
न
मकतब
जाने
में
हो
सुब्ह
को
जिस
दम
सो
के
उठूँगा
अपने
खिलौने
तुम
से
लूँगा
भाई
जान
अब
तुम
भी
आओ
अपने
बिस्तर
पर
सो
जाओ
रात
है
सोने
ही
को
बनाई
सो
रहो
तुम
भी
'जौहर'
भाई
- Banne Miyan Jauhar
मैं
बचपन
में
खिलौने
तोड़ता
था
मिरे
अंजाम
की
वो
इब्तिदा
थी
Javed Akhtar
Send
Download Image
29 Likes
बूढ़ी
माँ
का
शायद
लौट
आया
बचपन
गुड़ियों
का
अम्बार
लगा
कर
बैठ
गई
Irshad Khan Sikandar
Send
Download Image
19 Likes
मैं
तेरी
गोद
में
कैसा
लगा
था
माँ
तेरा
तो
दूसरा
बचपन
हुआ
था
मैं
Rohit tewatia 'Ishq'
Send
Download Image
3 Likes
आज
फिर
माँ
मुझे
मारेगी
बहुत
रोने
पर
आज
फिर
गाँव
में
आया
है
खिलौने
वाला
Nawaz Zafar
Send
Download Image
49 Likes
मुहब्बत
याद
बचपन
की
नहीं
है
कवर
टॉफी
का
लेकिन
पास
में
है
Tanoj Dadhich
Send
Download Image
38 Likes
बचपन
कितना
प्यारा
था
जब
दिल
को
यक़ीं
आ
जाता
था
मरते
हैं
तो
बन
जाते
हैं
आसमान
के
तारे
लोग
Azra Naqvi
Send
Download Image
36 Likes
हम
तो
बचपन
में
भी
अकेले
थे
सिर्फ़
दिल
की
गली
में
खेले
थे
Javed Akhtar
Send
Download Image
45 Likes
छोड़
कर
जाने
का
मंज़र
याद
है
हर
सितम
तेरा
सितमगर
याद
है
अपना
बचपन
भूल
बैठा
हूँ
मगर
अब
भी
तेरा
रोल
नंबर
याद
है
Read Full
Salman Zafar
Send
Download Image
35 Likes
मिरी
जो
शख़्सियत
है
उसको
माँ
ने
ही
तराशा
है
मिरा
बचपन
जहाँ
बीता
था
उस
घर
का
किराया
हूँ
Amaan Pathan
Send
Download Image
3 Likes
अपना
बचपन
भूल
बैठा
हूँ
मगर
अब
भी
तेरा
रोल
नंबर
याद
है
Salman Zafar
Send
Download Image
41 Likes
Read More
Vishal Singh Tabish
Iftikhar Arif
Jaleel Manikpuri
Haseeb Soz
Abhishar Geeta Shukla
Ibn E Insha
Nazeer Banarasi
Muneer Niyazi
Iftikhar Naseem
Iqbal Ashhar
Get Shayari on your Whatsapp
Bharosa Shayari in Hindi
Education Shayari
Maikashi Shayari
Kashmir Shayari
Doctor Shayari