बहर-ए-मीरमेंलिखताजाऊँतुमबोलोतो
बोलोतोफिरग़जलसुनाऊँतुमबोलोतो
जिसचेहरेकेकाइलहोतुमफिल्टरहैवो
असलीचेहरातुम्हेंदिखाऊँतुमबोलोतो
मुझकोतुमसेेमिलनाहैरिश्वतलोगीक्या
गुलदस्तातैयारकराऊँतुमबोलोतो
तुमनेबोलासखियोंकेसंगमेंआओगी
मैंभीअपनेयारबुलाऊँतुमबोलोतो
रंजनहमनेइकथालीमेंखाएहैंपर
फिरभीअपनीजातबताऊँतुमबोलोतो