ulfat ki ek ek nishaani ka kya karen | उल्फ़त की एक एक निशानी का क्या करें

  - Arvind Asar
उल्फ़तकीएकएकनिशानीकाक्याकरें
किरदारजबनहींहैंकहानीकाक्याकरें
अच्छीतरहसेयादहैतरसेहैंबूँदबूँद
बेवक़्तअबजोबरसाहै,पानीकाक्याकरें
इसमुफ़्लिसीकेदौरमेंउठताहैयेसवाल
बचपनतोजाचुकाहैजवानीकाक्याकरें
जबसेपसंदआईहैउनकोनईग़ज़ल
तबसेसवालहैकिपुरानीकाक्याकरें
कोईभीशख़्ससुननेकोतैयारहीनहीं
नानक,कबीर,बुद्धकीबानीकाक्याकरें
येरहकेदिलकोयाददिलातीहैआपकी
इसचाँदनीमेंरातकीरानीकाक्याकरें
हिलतीनहींजोसूखेहुएपेड़कीतरह
ठहरीहुईबदनकीरवानीकाक्याकरें
  - Arvind Asar
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