hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Rehaan
dariyaa ban jaao samundar phir se tum
dariyaa ban jaao samundar phir se tum | दरिया बन जाओ समुंदर फिर से तुम
- Rehaan
दरिया
बन
जाओ
समुंदर
फिर
से
तुम
सीख
अब
हमने
लिया
है
तैरना
- Rehaan
Download Sher Image
चाँद
चेहरा
ज़ुल्फ़
दरिया
बात
ख़ुशबू
दिल
चमन
इक
तुम्हें
दे
कर
ख़ुदा
ने
दे
दिया
क्या
क्या
मुझे
Bashir Badr
Send
Download Image
78 Likes
हमने
तुझ
पे
छोड़
दिया
है
कश्ती,
दरिया,
भँवर,
किनारा
Siddharth Saaz
Send
Download Image
37 Likes
तूफ़ानों
से
आँख
मिलाओ
सैलाबों
पे
वार
करो
मल्लाहों
का
चक्कर
छोड़ो
तैर
के
दरिया
पार
करो
Rahat Indori
Send
Download Image
143 Likes
साथ
चलते
जा
रहे
हैं
पास
आ
सकते
नहीं
इक
नदी
के
दो
किनारों
को
मिला
सकते
नहीं
उसकी
भी
मजबूरियाँ
हैं
मेरी
भी
मजबूरियाँ
रोज़
मिलते
हैं
मगर
घर
में
बता
सकते
नहीं
Read Full
Bashir Badr
Send
Download Image
83 Likes
पा
के
तूफ़ां
का
इशारा
दरिया
तोड़
देता
है
किनारा
दरिया
Abdul Mannan Tarzi
Send
Download Image
30 Likes
चाँद
भी
हैरान
दरिया
भी
परेशानी
में
है
अक्स
किस
का
है
कि
इतनी
रौशनी
पानी
में
है
Farhat Ehsaas
Send
Download Image
40 Likes
बहुत
ग़ुरूर
है
दरिया
को
अपने
होने
पर
जो
मेरी
प्यास
से
उलझे
तो
धज्जियाँ
उड़
जाएँ
Rahat Indori
Send
Download Image
47 Likes
बीच
भँवर
से
कश्ती
कैसे
बच
निकली
बहुत
दिनों
तक
दरिया
भी
हैरान
रहा
Madan Mohan Danish
Send
Download Image
43 Likes
सदा
लपेट
के
दिल
जाएँगे
वगरना
नहीं
पहाड़
आह
से
हिल
जाएँगे
वगरना
नहीं
वो
आज
दरिया
से
लड़ने
की
ठान
कर
गए
थे
कहीं
किनारे
पे
मिल
जाएँगे
वगरना
नहीं
Read Full
Nadeem Bhabha
Send
Download Image
14 Likes
किसी
ने
कहा
था
टूटी
हुई
नाव
में
चलो
दरिया
के
साथ
आप
की
रंजिश
फ़ुज़ूल
है
Shahid Zaki
Send
Download Image
28 Likes
Read More
न
जाने
क्यूँँ
सफ़र
मेरा
मुकम्मल
ही
नहीं
होता
लगे
जैसे
कि
मंज़िल
भी
कहीं
निकली
सफ़र
पे
है
Rehaan
Send
Download Image
3 Likes
मैं
ग़म
ढ़ेरों
मोहब्बत
के
ख़ज़ाने
से
चुरा
आया
जो
पूरी
हो
नहीं
सकती
मुरादें
वो
उठा
आया
इलाही
हो
गई
कैसे
बता
मुझ
सेे
ख़ता
ऐसी
मैं
राहें
तो
सजा
आया
मगर
मंज़िल
भुला
आया
Read Full
Rehaan
Send
Download Image
3 Likes
उसे
अगर
समझना
हो
तो
उसको
ये
इशारा
है
कि
उसकी
इक
सहेली
मुझको
जानती
ब-ख़ूबी
है
Rehaan
Send
Download Image
3 Likes
ये
मानो
या
न
मानो
तुम
मगर
सच
है
यही
देखो
बिना
मेरे
तुम्हारा
नाम
तक
पूरा
नहीं
होता
Rehaan
Send
Download Image
1 Like
ये
अलग
बात
है
मैं
इन
दिनों
बेचैन
सा
हूँ
पर
ये
चाहत
भी
मेरी
थी
कि
जुदा
हो
जाएँ
Rehaan
Send
Download Image
2 Likes
Read More
Akbar Allahabadi
Krishna Bihari Noor
Shariq Kaifi
Mohammad Alvi
Anjum Rehbar
Abhishar Geeta Shukla
Ali Zaryoun
Zehra Nigaah
Amjad Islam Amjad
Asad Bhopali
Get Shayari on your Whatsapp
Gussa Shayari
Qatil Shayari
Mehfil Shayari
Muflisi Shayari
Faith Shayari