आईनोंमेंअक्सनहोंतोहैरतरहतीहै
जैसेख़ालीआँखोंमेंभीवहशतरहतीहै
हरदमदुनियाकेहंगा
मेंघेरेरखतेथे
जबसेतेरेध्यानलगेहैंफ़ुर्सतरहतीहै
करनीहैतोखुलकेकरोइंकार-ए-वफ़ाकीबात
बातअधूरीरहजाएतोहसरतरहतीहै
शहर-ए-सुख़नमेंऐसाकुछकरइज़्ज़तबनजाए
सबकुछमिट्टीहोजाताहैइज़्ज़तरहतीहै
बनतेबनतेढहजातीहैदिलकीहरतामीर
ख़्वाहिशकेबहरूपमेंशायदक़िस्मतरहतीहै
साएलरज़तेरहतेहैंशहरोंकीगलियोंमें
रहतेथेइंसानजहाँअबदहशतरहतीहै
मौसमकोईख़ुशबूलेकरआतेजातेहैं
क्याक्याहमकोरातगएतकवहशतरहतीहै
ध्यानमेंमेलासालगताहैबीतीयादोंका
अक्सरउसकेग़मसेदिलकीसोहबतरहतीहै
फूलोंकीतख़्तीपरजैसेरंगोंकीतहरीर
लौह-ए-सुख़नपरऐसे'अमजद'शोहरतरहतीहै