hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Daqiiq Jabaali
gar sach kaho to phir miyaan aandhi si chalne lagti hai
gar sach kaho to phir miyaan aandhi si chalne lagti hai | गर सच कहो तो फिर मियाँ आँधी सी चलने लगती है
- Daqiiq Jabaali
गर
सच
कहो
तो
फिर
मियाँ
आँधी
सी
चलने
लगती
है
ये
सारी
दुनिया
एक
पल
में
ही
बदलने
लगती
है
- Daqiiq Jabaali
Download Sher Image
बिजली
इक
कौंध
गई
आँखों
के
आगे
तो
क्या
बात
करते
कि
मैं
लब
तश्न-ए-तक़रीर
भी
था
Mirza Ghalib
Send
Download Image
19 Likes
उस
के
चेहरे
की
चमक
के
सामने
सादा
लगा
आसमाँ
पे
चाँद
पूरा
था
मगर
आधा
लगा
Iftikhar Naseem
Send
Download Image
92 Likes
यूँँ
देखिए
तो
आँधी
में
बस
इक
शजर
गया
लेकिन
न
जाने
कितने
परिंदों
का
घर
गया
जैसे
ग़लत
पते
पे
चला
आए
कोई
शख़्स
सुख
ऐसे
मेरे
दर
पे
रुका
और
गुज़र
गया
Read Full
Rajesh Reddy
Send
Download Image
46 Likes
कभी
कभी
वो
बातें
करता
है
मुझ
सेे
गाँव
में
बिजली
हर
दिन
थोड़े
आती
है
Tanoj Dadhich
Send
Download Image
29 Likes
पूछा
जो
उन
सेे
चाँद
निकलता
है
किस
तरह
ज़ुल्फ़ों
को
रुख़
पे
डाल
के
झटका
दिया
कि
यूँँ
Arzoo Lakhnavi
Send
Download Image
43 Likes
बिजली
जाने
पर
भी
जो
चिल्लाता
था
तेरे
जाने
पर
वो
क्यूँ
ख़ामोश
रहा
?
Tanoj Dadhich
Send
Download Image
57 Likes
जिसने
भी
इस
ख़बर
को
सुना
सर
पकड़
लिया
कल
एक
दिए
ने
आंधी
का
कॉलर
पकड़
लिया
Munawwar Rana
Send
Download Image
25 Likes
शाख़ों
से
टूट
जाएँ
वो
पत्ते
नहीं
हैं
हम
आँधी
से
कोई
कह
दे
कि
औक़ात
में
रहे
Rahat Indori
Send
Download Image
429 Likes
किसी
की
बर्क़-ए-नज़र
से
न
बिजलियों
से
जले
कुछ
इस
तरह
की
हो
ता'मीर
आशियाने
की
Anwar Taban
Send
Download Image
22 Likes
ये
लाल
शा
में
ये
लाल
अंबर
ये
लाल
सूरज
चमक
रहा
है
मुझे
बता
दो
कहाँ
है
खोई
तिरे
लबों
की
ये
सुर्ख़
लाली
Read Full
Anmol Mishra
Send
Download Image
7 Likes
Read More
मुझको
जिन
जिन
लम्हों
में
तेरी
ज़रूरत
थी
ना
दोस्त
हाँ
उन्हीं
लम्हों
में
तुम
ने
तन्हा
छोड़ा
था
मुझे
Daqiiq Jabaali
Send
Download Image
0 Likes
कौन
सा
ग़म
नहीं
दिया
फिर
भी
ज़िन्दगी
तेरा
शुक्रिया
फिर
भी
Daqiiq Jabaali
Send
Download Image
2 Likes
वो
तो
कली
से
बन
गई
है
अब
'अमित'
गुलाब
अब
तितलियाँ
भी
बैठती
हैं
उसके
गाल
में
Daqiiq Jabaali
Send
Download Image
0 Likes
मकाँ
को
घर
बनाने
वाली
बेटी
ही
तो
होती
है
हमारी
बेटियों
ने
ही
मकाँ
को
घर
बनाया
है
Daqiiq Jabaali
Send
Download Image
1 Like
दूर
रहते
हैं
तो
सब
की
याद
आती
है
साथ
रहते
हैं
तो
अक्सर
झगड़े
होते
हैं
Daqiiq Jabaali
Send
Download Image
0 Likes
Read More
Akbar Allahabadi
Krishna Bihari Noor
Shariq Kaifi
Mohammad Alvi
Anjum Rehbar
Abhishar Geeta Shukla
Ali Zaryoun
Zehra Nigaah
Amjad Islam Amjad
Asad Bhopali
Get Shayari on your Whatsapp
Jahar Shayari
Jazbaat Shayari
Aasra Shayari
Festive Shayari
Raaz Shayari