dil ki aag jawaani ke rukhsaaron ko dahkaaye hai | दिल की आग जवानी के रुख़्सारों को दहकाए है

  - Ali Sardar Jafri
दिलकीआगजवानीकेरुख़्सारोंकोदहकाएहै
बहेपसीनामुखड़ेपरयासूरजपिघलाजाएहै
मनइकनन्हासाबालकहैहुमकहुमकरहजाएहै
दूरसेमुखकाचाँददिखाकरकौनउसेललचाएहै
मयहैतेरीआँखोंमेंऔरमुझपेनशासातारीहै
नींदहैतेरीपलकोंमेंऔरख़्वाबमुझेदिखलाएहै
तेरेक़ामतकीलर्ज़िशसेमौज-ए-मयमेंलर्ज़िशहै
तेरीनिगहकीमस्तीहीपैमानोंकोछलकाएहै
तेरादर्दसलामतहैतोमरनेकीउम्मीदनहीं
लाखदुखीहोयेदुनियारहनेकीजगहबनजाएहै
  - Ali Sardar Jafri
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy