लुटाऊँमस्तियाँसरसब्ज़रहगुज़रकीतरह
दिलोंकोराहतेंबख़्शूँहरेशजरकीतरह
करेवोरातकीमानिंददाग़दाग़मुझे
मैंरंगरंगकरूँँगाउसेसहरकीतरह
वोधूपहैकिहवाफूलहैकिशबनमहै
कभीतोदेखउसेसाहिब-ए-नज़रकीतरह
वोबे-वफ़ामुझेदिलसेनिकालकरदेखे
मैंउसकेज़ेहनमेंतड़पूँसदाशररकीतरह
येरोज़-ओ-शबकातसलसुलबतारहाहैमुझे
हैबे-क़रारमशिय्यतअभीबशरकीतरह
पयम्बरोंकेसहीफ़ेहैंए'तिमादमिरा
जहान-ए-ज़ीस्तमेंफैलुँगाबहर-ओ-बरकीतरह
सितमहै'काज़मी'घरमेंभीअबसभीलम्हे
गराँगुज़रतेहैंएहसासपरसफ़रकीतरह