dekhne ko koi taiyyaar nahin hai bhaai | देखने को कोई तय्यार नहीं है भाई

  - Akbar Hameedi
देखनेकोकोईतय्यारनहींहैभाई
दश्तभीबे-दर-ओ-दीवारनहींहैभाई
ऐसाभीसिदक़-ओ-सफ़ाकानहींदावाहमको
ज़िंदगीशैख़कीदस्तारनहींहैभाई
पाक-बाज़ोंकीयेबस्तीहैफ़रिश्तोंकानगर
कोईइसशहरमेंमय-ख़्वारनहींहैभाई
इश्क़करनाहैतोछुट्टीनहींकरनीकोईइश्क़मेंएकभीइतवारनहींहैभाई
  - Akbar Hameedi
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy