yahaañ unchaaiyon se kis ko ab dar lag raha hai | यहाँ ऊँचाइयों से किस को अब डर लग रहा है

  - Ajit Yadav
यहाँऊँचाइयोंसेकिसकोअबडरलगरहाहै
खड़ाहोऊँअगरतोआसमाँसेसरलगरहाहै
मुझेकुछइसतरहइससादगीनेहैठगाकी
दुपट्टासरपेरखनेवालोंसेडरलगरहाहै
अगरमैंचाहलूँतोइसज़हालतसेनिकललूँ
मगरमख्लूकजीवनमुझकोबेह्तरलगरहाहै
बहुतआगेनिकलसकताहूँमैंख़ुदसेकभीभी
मगरयेमौतमुझकोछोटातस्करलगरहाहै
तुम्हारेसाथकीतस्वीरसेएल्बमबनीजो
तुम्हारेबादवोएल्बमपुराब्लर्लगरहाहै
  - Ajit Yadav
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy