मुंतज़िरकबसेतहय्युरहैतिरीतक़रीरका
बातकरतुझपरगुमाँहोनेलगातस्वीरका
रातक्यासोएकिबाक़ीउम्रकीनींदउड़गई
ख़्वाबक्यादेखाकिधड़कालगगयाता'बीरका
कैसेपायाथातुझेफिरकिसतरहखोयातुझे
मुझसामुंकिरभीतोक़ाएलहोगयातक़दीरका
जिसतरहबादलकासायाप्यासभड़कातारहे
मैंनेयेआलमभीदेखाहैतिरीतस्वीरका
जानेकिसआलममेंतूबिछड़ाकिहैतेरेबग़ैर
आजतकहरनक़्शफ़रियादीमिरीतहरीरका
इश्क़मेंसरफोड़नाभीक्याकियेबे-मेहरलोग
जू-ए-ख़ूँकोनामदेदेतेहैंजू-ए-शीरका
जिसकोभीचाहाउसेशिद्दतसेचाहाहै'फ़राज़'
सिलसिलाटूटानहींहैदर्दकीज़ंजीरका