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Afzal Sultanpuri
hai badaa hi ajeeb sa manzar
hai badaa hi ajeeb sa manzar | है बड़ा ही अजीब सा मंज़र
- Afzal Sultanpuri
है
बड़ा
ही
अजीब
सा
मंज़र
घाव
भी
कर
नहीं
सका
ख़ंजर
- Afzal Sultanpuri
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ख़ून
से
सींची
है
मैं
ने
जो
ज़मीं
मर
मर
के
वो
ज़मीं
एक
सितम-गर
ने
कहा
उस
की
है
Javed Akhtar
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ज़ख़्म
है
दर्द
है
दवा
भी
है
जैसे
जंगल
है
रास्ता
भी
है
यूँँ
तो
वादे
हज़ार
करता
है
और
वो
शख़्स
भूलता
भी
है
हम
को
हर
सू
नज़र
भी
रखनी
है
और
तेरे
पास
बैठना
भी
है
यूँँ
भी
आता
नहीं
मुझे
रोना
और
मातम
की
इब्तिदा
भी
है
चूमने
हैं
पसंद
के
बादल
शाम
होते
ही
लौटना
भी
है
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Karan Sahar
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उम्र
के
आख़िरी
मक़ाम
में
हम
मिल
भी
जाए
तो
क्या
ख़ुशी
होगी
क्या
सितम
तुम
को
देखने
के
लिए
हम
को
दुनिया
भी
देखनी
होगी
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Vikram Sharma
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वो
आदमी
नहीं
है
मुकम्मल
बयान
है
माथे
पे
उस
के
चोट
का
गहरा
निशान
है
वो
कर
रहे
हैं
इश्क़
पे
संजीदा
गुफ़्तुगू
मैं
क्या
बताऊँ
मेरा
कहीं
और
ध्यान
है
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Dushyant Kumar
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ठीक
से
ज़ख़्म
का
अंदाज़ा
किया
ही
किसने
बस
सुना
था
कि
बिछड़ते
हैं
तो
मर
जाते
हैं
Shariq Kaifi
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यूँँ
न
क़ातिल
को
जब
यक़ीं
आया
हम
ने
दिल
खोल
कर
दिखाई
चोट
Fani Badayuni
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पूरी
कायनात
में
एक
क़ातिल
बीमारी
की
हवा
हो
गई
वक़्त
ने
कैसा
सितम
ढाया
कि
दूरियाँ
ही
दवा
हो
गईं
Unknown
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पुराने
घाव
पर
नाखून
उसका
लग
गया
वरना
गुज़र
कर
दर्द
ये
हद
से
दवा
होने
ही
वाला
था
Atul K Rai
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आज
फिर
नींद
को
आँखों
से
बिछड़ते
देखा
आज
फिर
याद
कोई
चोट
पुरानी
आई
Iqbal Ashhar
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ये
तो
बढ़ती
ही
चली
जाती
है
मीआद-ए-सितम
ज़ुज़
हरीफ़ान-ए-सितम
किस
को
पुकारा
जाए
वक़्त
ने
एक
ही
नुक्ता
तो
किया
है
तालीम
हाकिम-ए-वक़त
को
मसनद
से
उतारा
जाए
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Jaun Elia
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मजाज़ी
शा'इरी
करने
लगे
थे
हक़ीक़त
ज़िन्दगी
करने
लगे
थे
Afzal Sultanpuri
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ख़ुद
को
बेदार
करना
होता
है
कुछ
अलग
यार
करना
होता
है
जिस्म
से
रूह
से
मोहब्बत
से
सब
से
मिस्मार
करना
होता
है
सिर्फ़
मुश्किल
खड़ी
नहीं
करना
राह
हम-वार
करना
होता
है
यार
जाने
से
क़ब्ल
रोक
मुझे
ख़ुद
को
तैयार
करना
होता
है
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Afzal Sultanpuri
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और
आगे
नहीं
कहूँगा
मैं
अब
जहाँ
हूँ
वहीं
रहूँगा
मैं
Afzal Sultanpuri
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अब
मुझे
मेरा
ठिकाना
पूछता
है
बाद
मरने
के
दीवाना
पूछता
है
किस
तरफ़
ले
जा
रहा
है
यार
तेरा
तुम
बताओ
अब
ज़माना
पूछता
है
आसमानों
से
कहा
था
ये
ज़मीं
ने
वो
मिरे
अंदर
खज़ाना
पूछता
है
मैं
कई
दिन
से
यहाँ
ठहरा
हुआ
हूँ
कब
करेगा
वो
रवाना
पूछता
है
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Afzal Sultanpuri
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हमें
पैरों
तले
कुचल
दिया
जाएगा
लिखा
है
जो
उसे
बदल
दिया
जाएगा
Afzal Sultanpuri
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