hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Afzal Sultanpuri
bas vahii log jannati honge
bas vahii log jannati honge | बस वही लोग जन्नती होंगे
- Afzal Sultanpuri
बस
वही
लोग
जन्नती
होंगे
और
सारे
ही
दोज़ख़ी
होंगे
- Afzal Sultanpuri
Download Sher Image
ये
लोग
कौन
हैं
आख़िर
कहाँ
से
आते
हैं
जो
जिस्म
नोच
के
फिर
बेटियाँ
जलाते
हैं
Shajar Abbas
Send
Download Image
21 Likes
जिस
ने
इस
दौर
के
इंसान
किए
हैं
पैदा
वही
मेरा
भी
ख़ुदा
हो
मुझे
मंज़ूर
नहीं
Hafeez Jalandhari
Send
Download Image
25 Likes
हम
तो
सुनते
थे
कि
मिल
जाते
हैं
बिछड़े
हुए
लोग
तू
जो
बिछड़ा
है
तो
क्या
वक़्त
ने
गर्दिश
नहीं
की
Ambreen Haseeb Ambar
Send
Download Image
23 Likes
फूल
कर
ले
निबाह
काँटों
से
आदमी
ही
न
आदमी
से
मिले
Khumar Barabankvi
Send
Download Image
27 Likes
जो
लोग
ख़ुद
न
करते
थे
होंठों
से
पान
साफ़
पलकों
से
कर
रहे
हैं
तेरा
पायदान
साफ़
Charagh Sharma
Send
Download Image
29 Likes
क़ब्रों
में
नहीं
हम
को
किताबों
में
उतारो
हम
लोग
मोहब्बत
की
कहानी
में
मरे
हैं
Ajaz tawakkal
Send
Download Image
28 Likes
शरीफ़
इंसान
आख़िर
क्यूँ
इलेक्शन
हार
जाता
है
किताबों
में
तो
ये
लिक्खा
था
रावन
हार
जाता
है
Munawwar Rana
Send
Download Image
37 Likes
अपनी
हस्ती
का
भी
इंसान
को
इरफ़ांन
हुआ
ख़ाक
फिर
ख़ाक
थी
औक़ात
से
आगे
न
बढ़ी
Shakeel Badayuni
Send
Download Image
20 Likes
इंसाँ
की
ख़्वाहिशों
की
कोई
इंतिहा
नहीं
दो
गज़
ज़मीं
भी
चाहिए
दो
गज़
कफ़न
के
बाद
Kaifi Azmi
Send
Download Image
47 Likes
अगर
हुकूमत
तुम्हारी
तस्वीर
छाप
दे
नोट
पर
मेरी
दोस्त
तो
देखना
तुम
कि
लोग
बिल्कुल
फ़ुज़ूल-ख़र्ची
नहीं
करेंगे
Rehman Faris
Send
Download Image
70 Likes
Read More
हो
सके
तो
आप
बस
इतना
फ़राहम
कीजिए
मर
गए
जो
हम
हमारा
फिर
न
मातम
कीजिए
क़ैद
में
रखना
बहुत
आसान
है
अफ़ज़ल
मगर
छोड़कर
पहले
परिंदा
फिर
मुनज़्ज़म
कीजिए
कौन
सा
है
इश्क़
पहला
रो
रहे
जिसके
लिए
मान
वरना
ज़िंदगी
अपनी
जहन्नम
कीजिए
Read Full
Afzal Sultanpuri
Download Image
3 Likes
मेरा
इतना
बड़ा
तो
दुख
नहीं
है
मगर
सच
है
कि
हमको
सुख
नहीं
है
Afzal Sultanpuri
Send
Download Image
2 Likes
पागलों
की
तरह
मैं
भटकता
रहा
इश्क़
के
नाम
पे
हमने
क्या
क्या
किया
Afzal Sultanpuri
Send
Download Image
5 Likes
अब
मुझे
मेरा
ठिकाना
पूछता
है
बाद
मरने
के
दीवाना
पूछता
है
किस
तरफ़
ले
जा
रहा
है
यार
तेरा
तुम
बताओ
अब
ज़माना
पूछता
है
आसमानों
से
कहा
था
ये
ज़मीं
ने
वो
मिरे
अंदर
खज़ाना
पूछता
है
मैं
कई
दिन
से
यहाँ
ठहरा
हुआ
हूँ
कब
करेगा
वो
रवाना
पूछता
है
Read Full
Afzal Sultanpuri
Download Image
2 Likes
कभी
अब
दुबारा
ये
ख़्वाहिश
न
होगी
ये
दिल
है
दिलों
की
नुमाइश
न
होगी
उन्हें
फ़िक्र
मेरी
ज़रा
भी
नहीं
है
हमारी
तरफ़
से
भी
कोशिश
न
होगी
अगर
लौट
आएँ
मोहब्बत
करूँँगा
मोहब्बत
में
लेकिन
गुज़ारिश
न
होगी
हक़ीक़ी
मोहब्बत
ख़ुदा
की
है
नेमत
ये
किसने
कहा
आज़माइश
न
होगी
तुम्हें
कुछ
पता
है
ख़ुदा
एक
अव्वल
अगर
बे-ख़बर
हो
परस्तिश
न
होगी
Read Full
Afzal Sultanpuri
Download Image
3 Likes
Read More
Akbar Allahabadi
Krishna Bihari Noor
Shariq Kaifi
Mohammad Alvi
Anjum Rehbar
Abhishar Geeta Shukla
Ali Zaryoun
Zehra Nigaah
Amjad Islam Amjad
Asad Bhopali
Get Shayari on your Whatsapp
Budhapa Shayari
Bewafa Shayari
Aadat Shayari
Chaahat Shayari
Khudkushi Shayari