zindagi ek sookhi daali hai | ज़िंदगी एक सूखी डाली है

  - Adesh Rathore
ज़िंदगीएकसूखीडालीहै
औरडालीभीकाँटोंवालीहै
कैसेकरलूँमैंख़्वाहिशेंपूरी
हाथख़ालीहैंजेबख़ालीहै
जिस्मपरदाग़औरधब्बेहैं
औरसूरतअजबनिरालीहै
इकइसीदिलमेंछायाहैमातम
हरतरफ़ईदहैदिवालीहै
अच्छारूमालढूँढ़लेताहूँ
यादभीउसकीआनेवालीहै
गैसजलतोगईहैपगलीसे
उसनेउॅंगलीमगरजलालीहै
मैंबयाबानतपतासहराहूँ
वोतोमाकूलहैमनालीहै
जंगलोंमेंपड़ावडालाहै
रातभीसर्दऔरकालीहै
उसकीयादोंकोओढ़ेबैठाहूँ
ग़मकीचादरहैजोबिछालीहै
सिर्फ़दिखनेमेंव्यस्तलगताहै
वैसेरहतातोइल्मख़ालीहै
  - Adesh Rathore
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