bewafaon se ki ummeed-e-wafa karte hain | बेवफ़ाओं से कि उम्मीद-ए-वफ़ा करते हैं

  - Prashant Kumar
बेवफ़ाओंसेकिउम्मीद-ए-वफ़ाकरतेहैं
बा-वफ़ाओंसेसभीलोगदग़ाकरतेहैं
दोस्तोंकाभीकितुमलोगबुराकरतेहो
अपनेदुश्मनकाभीहमलोगभलाकरतेहैं
हमडरतेहैंकिसीसेहीदबतेहैंबस
हक़शराफ़तकाशराफ़तसेअदाकरतेहैं
रेतमेंढूँढ़रहेइश्क़केमोतीदेखो
कैसेदीवानेहैंबच्चोंसीख़ताकरतेहैं
बातकहताहूँखरीऔरसभीकेमुँहपे
इसलिएमुझसेेसभीदूररहाकरतेहैं
ऊँचेलफ़्ज़ोंमेंकभीबातकरनाकोई
ऐसेमाँ-बापनसीबोंसेमिलाकरतेहैं
जबमिराज़िक्रचलेज़ोरसेमतबोलाकर
अरेदीवारसेसबलोगसुनाकरतेहैं
अबतरक़्क़ीमिरीबर्दाश्तनहींहोतीहै
इसलिएमुझसेेसभीलोगजलाकरतेहैं
बड़ेबेकारहैंअबलोगज़मानेमें'प्रशांत'
सामनेमेरीकहेंपीछेदग़ाकरतेहैं
  - Prashant Kumar
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