आँखोंमेंसाफ़चाँदनीलबपेतिरेगुलालहै
पाज़ेबतेरीदूधसीनाख़ूनीलाललालहै
घरघरमिराहीसोगहैसबरोरहेहैंरातसे
जबमैंकिसीकाथानहींफिरक्यूँँमेरामलालहै
बिजलीगिरारहीकभीअफ़्सूँचलारहीकभी
करतबदिखेकईकईतेरीनज़रकमालहै
शर्मारहीहैचाँदनीहुस्न-ओ-जमालदेखके
छिपनेलगाहैचाँदभीयेसबतिराकमालहै
अहद-ए-वफ़ानहींरहाफिरक्यूँँबुलारहामुझे
आयाहूँकामछोड़करतुझसेेयहीसवालहै