mohabbat ko nibhaati hai ghamon ko vo chhupaati hai | मोहब्बत को निभाती है ग़मों को वो छुपाती है

  - Vardaan
मोहब्बतकोनिभातीहैग़मोंकोवोछुपातीहै
भुलाकरदर्दसारावोसदाहीमुस्कुरातीहै
वफ़ाक्याहैनहींमालूमपरहाँजानतीहैये
मुझेजोचोटलगतीहैजहाँसरपरउठातीहै
उदासीमेंदिखूँजोमैं,ख़फ़ाहोकरचलूँजोमैं
कोईबिखराहुआसाफूलबनकरबैठजातीहै
दवावोहैदु'आवोहैसदावोहैमेरेदिलकी
ग़ज़लख़ुदकोबताएवोमुझेमतलाबतातीहै
मोहब्बतकोमेरीवोजानयूँँमहफ़ूज़रखतीहै
किजैसेमाँकोईसीनेसेबच्चेकोलगातीहै
  - Vardaan
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