na jaane main duniya se kya chahta hooñ | न जाने मैं दुनिया से क्या चाहता हूँ

  - Sachin kumar
जानेमैंदुनियासेक्याचाहताहूँ
मैंपागलहूँसबकाभलाचाहताहूँ
बलाकीहोतुमख़ूब-सूरतमेरीजाँ
मगरमैंभीऐसीबलाचाहताहूँ
ज़रूरतहैमुझकोज़रारौशनीकी
मैंसूरजनहींबसदियाचाहताहूँ
ख़ुदासभीमाँगीख़ुशीमैंनेउसकी
वोकहतीहैउसकाबुराचाहताहूँ
मुझेयारतोचाहिएबसपुराने
मगरबाक़ीसबकुछनयाचाहताहूँ
चलोमुझकोलेकरमेरेगाँवजल्दी
खुलेआसमाँकीहवाचाहताहूँ
तुम्हेंदेखकरभीनज़रफेरपाऊँ
जिगरमेंमैंइतनीअनाचाहताहूँ
  - Sachin kumar
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy