sabne kitnii lazzat se dekha mujhko | सबने कितनी लज़्ज़त से देखा मुझको

  - komal selacoti
सबनेकितनीलज़्ज़तसेदेखामुझको
रोज़-ए-मर्गतबीअतसेदेखामुझको
आनेवालोंकोसानेहामज़ाक़लगा
जानेवालोंनेफ़ुर्सतसेदेखामुझको
इतनाज़्यादागहराथायेनशेब-ए-दिल
उतरनेवालोंनेछतसेदेखामुझको
अपनीप्यासबचालायाहूँइतनीदूर
दरियादरियानेहैरतसेदेखामुझको
उसघरमेंचारोंओरबेटियाँथीबस
सबनेशिद्दत-ओ-हसरतसेदेखामुझको
  - komal selacoti
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