aaya khyaal dil men jab jab bhi khudkushi ka | आया ख़याल दिल में जब जब भी ख़ुद-कुशी का

  - Saif Dehlvi
आयाख़यालदिलमेंजबजबभीख़ुद-कुशीका
यादगयाहैचेहरातबतबहमेंकिसीका
मरनातोइसजहाँमेंआसानहोगयाहै
जीनाहुआहैमुश्किलदुनियामेंआदमीका
सबरंज-ओ-ग़मभीगुमथेजबमेरेसाथतुमथे
वोदौरथाहमाराकितनाहॅंसीख़ुशीका
कैसीहैयेमोहब्बतकैसीदिवानगीहै
जोहोसकामेरामैंहोगयाउसीका
पागलतोहोगयाहैलेकिनतेरादिवाना
भूलानहींठिकानाअबतकतेरीगलीका
नाराज़होनेवालेतूअबतोमुस्कुरादे
हरकामकररहाहूँअबमैंतेरीख़ुशीका
जबअपनादिलदुखाहैएहसासतबहुआहै
अबदिलनहींदुखानाहमकोकभीकिसीका
नमहोगईहैंआँखेंतरहोगयाहैदामन
एहसासजबहुआहैहमकोतेरीकमीका
उसदिनसेदर्द-ए-दिलकोआराममिलगयाकुछ
जिसदिनसेहमनेदामनथामाहैशा'इरीका
रोटीकोयादकरनापानीसेपेटभरना
देखाहैसैफ़हमनेवोदौरमुफ़लिसीका
  - Saif Dehlvi
Share

profile-whatsappprofile-twitterprofile-fbprofile-copy