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Sachin Sharma
khatm deenaar ho jaayeñgi teri par
khatm deenaar ho jaayeñgi teri par | ख़त्म दीनार हो जाएँगी तेरी पर
- Sachin Sharma
ख़त्म
दीनार
हो
जाएँगी
तेरी
पर
इतना
सस्ता
नहीं
बिकने
वाला
हूँ
मैं
- Sachin Sharma
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सोचता
हूँ
कि
उस
की
याद
आख़िर
अब
किसे
रात
भर
जगाती
है
Jaun Elia
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घर
की
इस
बार
मुकम्मल
मैं
तलाशी
लूँगा
ग़म
छुपा
कर
मिरे
माँ
बाप
कहाँ
रखते
थे
Unknown
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यही
अंजाम
अक्सर
हम
ने
देखा
है
मोहब्बत
का
कहीं
राधा
तरसती
है
कहीं
कान्हा
तरसता
है
Virendra Khare Akela
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तमाम
शहर
की
ख़ातिर
चमन
से
आते
हैं
हमारे
फूल
किसी
के
बदन
से
आते
हैं
Farhat Ehsaas
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हर
एक
चौखट
खुली
हुई
थी
हर
इक
दरीचा
खुला
हुआ
था
कि
उसकी
आमद
पे
दर
यहाँ
तक
कि
बेघरों
का
खुला
हुआ
था
ये
तेरी
हम्म
ने
हमें
ही
उलझन
में
डाल
रक्खा
है
वरना
हम
पर
तमाम
साइंस
के
फ़लसफ़ों
का
हर
एक
चिट्ठा
खुला
हुआ
था
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Saad Ahmad
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चलो
माना
कि
रोना
मसअले
का
हल
नहीं
लेकिन
करे
भी
क्या
कोई
जब
ख़त्म
हर
उम्मीद
हो
जाए
Bhaskar Shukla
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वो
एक
दिन
जो
तुझे
सोचने
में
गुज़रा
था
तमाम
उम्र
उसी
दिन
की
तर्जुमानी
है
Abhishek shukla
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हुस्न
बला
का
क़ातिल
हो
पर
आख़िर
को
बेचारा
है
इश्क़
तो
वो
क़ातिल
जिसने
अपनों
को
भी
मारा
है
ये
धोखे
देता
आया
है
दिल
को
भी
दुनिया
को
भी
इसके
छल
ने
खार
किया
है
सहरा
में
लैला
को
भी
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Jaun Elia
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जिस
दिन
तुम्हारे
ख़त
का
मुझे
इंतिज़ार
था
उस
दिन
तमाम
पंछी
कबूतर
लगे
मुझे
Ali Rumi
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दुश्मनी
लाख
सही
ख़त्म
न
कीजे
रिश्ता
दिल
मिले
या
न
मिले
हाथ
मिलाते
रहिए
Nida Fazli
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हज़ारों
शे'र
कहने
को
तो
कह
सकते
सचिन
लेकिन
ग़ज़ल
के
शे'रों
में
मक़्ता
कभी
आसाँ
नहीं
होता
Sachin Sharma
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शे'र
हल्के
हैं
ये
मेरे
भारी
पड़ते
हैं
ये
लेकिन
Sachin Sharma
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किसी
की
नज़र
का
दिवाना
बनूँ
किसी
के
लबों
का
तराना
बनूँ
तू
बन
कर
मुसाफ़िर
अगर
आ
गया
तिरी
रात
का
मैं
ठिकाना
बनूँ
दराज़ों
को
जो
भेदने
हैं
लगे
चले
तीर
और
मैं
निशाना
बनूँ
दे
दूँ
देह
अपनी
सभी
पुर्ज़े
भी
कि
मरते
हुए
भी
ख़ज़ाना
बनूँ
हमेशा
से
आँखों
में
चुभता
रहा
कभी
दर्द
कोई
पुराना
बनूँ
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Sachin Sharma
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हमको
नफ़रत
है
मुहब्बत
से,
कि
हमने
महफ़िलो
में
देखा
है
रोता
हुआ
जॉन
Sachin Sharma
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थोड़ी
नज़र
कमज़ोर
है
दिल
मेरा
आदम-ख़ोर
है
ऐनक
लगी
दिन
भर
रही
आँखों
पे
कितना
ज़ोर
है
हम
शे'र
क्या
कहने
लगे
महफ़िल
में
देखो
शोर
है
ऊपर
से
कब
वो
खींच
ले
जीवन
की
छोटी
डोर
है
इकदम
सही
अंदाज़ा
है
लाला
तो
बिल्कुल
चोर
है
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Sachin Sharma
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