hi
0
Search
Shayari
Writers
Events
Blog
Store
Help
Login
By:
00:00/00:00
Siddharth Saaz
tu kis mausam ki ab tak raah takti hai
tu kis mausam ki ab tak raah takti hai | तू किस मौसम की अब तक राह तकती है,
- Siddharth Saaz
तू
किस
मौसम
की
अब
तक
राह
तकती
है,
तेरी
आँखों
में
किसकी
इंतज़ारी
है
- Siddharth Saaz
Download Sher Image
चाँद
चेहरा
ज़ुल्फ़
दरिया
बात
ख़ुशबू
दिल
चमन
इक
तुम्हें
दे
कर
ख़ुदा
ने
दे
दिया
क्या
क्या
मुझे
Bashir Badr
Send
Download Image
78 Likes
मैं
आख़िर
कौन
सा
मौसम
तुम्हारे
नाम
कर
देता
यहाँ
हर
एक
मौसम
को
गुज़र
जाने
की
जल्दी
थी
Rahat Indori
Send
Download Image
40 Likes
बीच
भँवर
से
कश्ती
कैसे
बच
निकली
बहुत
दिनों
तक
दरिया
भी
हैरान
रहा
Madan Mohan Danish
Send
Download Image
43 Likes
अगर
जन्नत
मिला
करती
फ़क़त
सज्दों
के
बदले
में
तो
फिर
इबलीस
मुर्शिद
सब
सेे
पहले
जन्नती
होता
Shajar Abbas
Send
Download Image
3 Likes
हमें
इस
मिट्टी
से
कुछ
यूँँ
मुहब्बत
है
यहीं
पे
निकले
दम
दिल
की
ये
हसरत
है
हमें
क्यूँ
चाह
उस
दुनिया
की
हो
मौला
हमारी
तो
इसी
मिट्टी
में
जन्नत
है
Read Full
Harsh saxena
Send
Download Image
4 Likes
मैं
हूँ
सदियों
से
भटकता
हुआ
प्यासा
दरिया
ऐ
ख़ुदा
कुछ
तो
समुंदर
के
सिवा
दे
मुझ
को
Afzal Ali Afzal
Send
Download Image
36 Likes
तुम
ने
किया
है
तुम
ने
इशारा
बहुत
ग़लत
दरिया
बहुत
दुरुस्त
किनारा
बहुत
ग़लत
Nabeel Ahmed Nabeel
Send
Download Image
24 Likes
हम
को
मालूम
है
जन्नत
की
हक़ीक़त
लेकिन
दिल
के
ख़ुश
रखने
को
'ग़ालिब'
ये
ख़याल
अच्छा
है
Mirza Ghalib
Send
Download Image
484 Likes
पत्थर
दिल
के
आँसू
ऐसे
बहते
हैं
जैसे
इक
पर्वत
से
नदी
निकलती
है
Shobhit Dixit
Send
Download Image
11 Likes
तुम
मुझे
उतनी
ही
प्यारी
हो
मेरी
जाँ
जितना
प्यारा
है
कश्मीर
इस
देश
को
Alankrat Srivastava
Send
Download Image
10 Likes
Read More
तेरे
शैदाई
पागल
हो
चुके
हैं
तिरी
तस्वीर
चू
में
जा
रहे
हैं
Read Full
Siddharth Saaz
Send
Download Image
32 Likes
तू
तो
वाक़िफ़
है
रिवाज़-ए-ग़म
से
इसके
इश्क़
तो
तेरा
भी
ये
पहला
नहीं
है
Siddharth Saaz
Send
Download Image
11 Likes
तुझको
चूमा
तो
समझ
आया
मुझे
क्यूँँ
तेरे
बिन
साँस
भी
आती
न
थी
Siddharth Saaz
Send
Download Image
30 Likes
जुदाई
से
जुड़ा
जब
फ़ैसला
लेंगे
तो
सब
सेे
पहले
तेरा
मशवरा
लेंगे
मुहब्बत
के
कहीं
इक
रास्ते
में
हम
भटक
जाएँगे
तो
तेरा
पता
लेंगे
तेरे
होंठो
से
ग़र
इक
काम
लेना
हो
तेरे
होंठो
से
हम
बस
इक
दु'आ
लेंगे
Read Full
Siddharth Saaz
Download Image
16 Likes
ये
ग़म
हमको
पत्थर
कर
देगा
इक
दिन
कोई
आ
कर
हमें
रुलाओ
पहले
तो
Siddharth Saaz
Send
Download Image
4 Likes
Read More
Bahadur Shah Zafar
Vishal Bagh
Sarvat Husain
Shahzad Ahmad
Hafeez Banarasi
Unknown
Krishna Bihari Noor
Khalid Nadeem Shani
Shahid Zaki
Abbas Tabish
Get Shayari on your Whatsapp
Hijr Shayari
Aazaadi Shayari
Shama Shayari
Angdaai Shayari
Kisaan Shayari