sheeshe men insaan ka goya lagta hooñ | शीशे में इंसान का गोया लगता हूँ

  - Saahir
शीशेमेंइंसानकागोयालगताहूँ
शुक्रहैइसकोतोमैंबन्दालगताहूँ
मेरेदिलसेखेलगएजोमेरेदोस्त
उनलोगोंकोखेल-तमाशालगताहूँ
कुछआतेहैंऔरचलेजातेहैंफिर
उनकोशायदरैन-बसेरालगताहूँ
मुझकोनाकामीनेयेबतलायाहै
मैंकिनकिनलोगोंकोजायालगताहूँ
ग़ुस्साकरनेपरभीतूचुपरहताहै
कौनहैतूऔरमैंतेराक्यालगताहूँ
जिसहिसाबसेदेखरहेहोमुझकोतुम
ज़ाहिरहैतुमकोमैंअच्छालगताहूँ
  - Saahir
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