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Prit
meethi murli sunaao kaanha jee
meethi murli sunaao kaanha jee | मीठी मुरली सुनाओ कान्हा जी
- Prit
मीठी
मुरली
सुनाओ
कान्हा
जी
प्रीत
का
गीत
गाओ
कान्हा
जी
मैं
ने
भी
प्रेम
रोग
पालना
है
राधिका
सी
मिलाओ
कान्हा
जी
सारे
कौरव
रक़ीब
बन
आए
प्रेम
रण
में
जिताओ
कान्हा
जी
धूर्त
ग़ज़लें
कहाँ
समझते
हैं
अब
सुदर्शन
चलाओ
कान्हा
जी
- Prit
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गर
अदीबों
को
अना
का
रोग
लग
जाए
तो
फिर
गुल
मोहब्बत
के
अदब
की
शाख़
पर
खिलते
नहीं
Afzal Ali Afzal
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वो
जिसकी
याद
ने
जीना
मुहाल
कर
रखा
है
उसी
की
आस
ने
मुझको
सँभाल
कर
रखा
है
सियाह
रातों
में
साए
से
बातें
करता
है
तुम्हारे
ग़म
ने
नया
रोग
पाल
कर
रखा
है
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Harsh saxena
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कभी
तो
नस्ल-ओ-वतन-परस्ती
की
तीरगी
को
शिकस्त
होगी
कभी
तो
शाम-ए-अलम
मिटेगी
कभी
तो
सुब्ह-ए-ख़ुशी
मिलेगी
Abul mujahid zaid
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इस
मरज़
से
कोई
बचा
भी
है
चारा-गर
इश्क़
की
दवा
भी
है
Unknown
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बैठे
बिठाए
हम
को
सनम
याद
आ
गए
फिर
उन
के
साथ
उन
के
करम
याद
आ
गए
कोई
जो
राह
चलते
अचानक
मिला
मियाँ
हम
को
हर
एक
रंज-ओ-अलम
याद
आ
गए
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shaan manral
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हम
हैं
रहे-उम्मीद
से
बिल्कुल
परे
परे
अब
इंतज़ार
आपका
कोई
करे!
करे!
मैंने
तो
यूँँ
ही
अपनी
तबीयत
सुनाई
थी
तुम
तो
लगीं
सफाइयाँ
देने,
अरे!
अरे!
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Balmohan Pandey
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कुछ
तबीयत
में
उदासी
भी
हुआ
करती
है
हर
कोई
इश्क़
का
मारा
हो,
ज़रूरी
तो
नहीं
Jaani Lakhnavi
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हाँ
ठीक
है
मैं
अपनी
अना
का
मरीज़
हूँ
आख़िर
मिरे
मिज़ाज
में
क्यूँँ
दख़्ल
दे
कोई
Jaun Elia
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जानती
हो
कि
क्या
हुआ
है
तुम्हें
इश्क़
का
रोग
लग
गया
है
तुम्हें
तुमको
देखें
तो
देखते
जाएँ
देखने
का
अलग
मज़ा
है
तुम्हें
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Pravin Rai
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करता
नहीं
ख़याल
तेरा
इस
ख़याल
से
तंग
आ
गया
अगर
तू
मेरी
देखभाल
से
चल
मेरे
साथ
और
तबीयत
की
फ़िक्र
छोड़
दो
मील
दूर
है
मेरा
घर
अस्पताल
से
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Tehzeeb Hafi
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यूँँ
भी
नाकाम
किया
ज़िंदगी
को
उम्र
भर
काम
ही
करते
रहे
हम
Prit
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जब
मैं
काँटों
से
उलझा
तो
जाना
फूलों
से
इश्क़
करना
मुश्किल
है
Prit
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कोई
तो
आए
और
आ
के
तुझ
सेे
कहे
ज़िंदगी
एक
दो
दिन
की
छुट्टी
तो
दे
तेरे
दफ़्तर
के
कामों
से
हम
थक
गए
ज़िंदगी
एक
दो
दिन
की
छुट्टी
तो
दे
मैंने
सुन
रक्खा
है
मौत
के
बारे
में
ज़िंदगी
से
भी
ज़्यादा
हसीं
मौत
है
इस
सेे
पहले
कि
दिल
मौत
को
अपना
ले
ज़िंदगी
एक
दो
दिन
की
छुट्टी
तो
दे
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Prit
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दर्द
तेरा
मैं
ऐसे
पहनूँ
जैसे
दुल्हन
पहने
गहने
Prit
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मेरी
क़िस्मत
के
क्या
कहने,
बदन
से
नाग
लिपटा
है
ये
काला
नाग
ज़हरीला
सा,
इसको
इश्क़
कहते
हैं
Prit
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