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Amanpreet singh
pyaar men pad ke mar jiya jaa.e
pyaar men pad ke mar jiya jaa.e | प्यार में पड़ के मर जिया जाए
- Amanpreet singh
प्यार
में
पड़
के
मर
जिया
जाए
उसकी
बातों
से
डर
लिया
जाए
ज़िंदगी
पड़
गई
मोहब्बत
में
और
अब
क्या
ही
तो
किया
जाए
प्यास
ही
बस
भरी
है
आँखों
में
दश्त
के
घर
में
घर
किया
जाए
आज
भी
याद
है
तुम्हें
बातें
आज
फिर
बात
पर
जिया
जाए
ग़म
से
इतने
भरे
हुए
हैं
अब
ग़म
का
प्याला
न
भर
पिया
जाए
- Amanpreet singh
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भूलना
चाहा
अगर
उस
को
कभी
और
भी
वो
याद
आया
देर
तक
Nawaz Deobandi
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जब
भी
कोई
मंज़िल
हासिल
करता
हूँ
याद
बहुत
आती
हैं
तेरी
ता'रीफ़ें
Tanoj Dadhich
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तुमने
किया
न
याद
कभी
भूल
कर
हमें
हमने
तुम्हारी
याद
में
सब
कुछ
भुला
दिया
Bahadur Shah Zafar
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जाते
जाते
आप
इतना
काम
तो
कीजे
मिरा
याद
का
सारा
सर-ओ-सामाँ
जलाते
जाइए
Jaun Elia
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एक
चेहरा
है
जो
आँखों
में
बसा
रहता
है
इक
तसव्वुर
है
जो
तन्हा
नहीं
होने
देता
Javed Naseemi
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मरने
का
है
ख़याल
ना
जीने
की
आरज़ू
बस
है
मुझे
तो
वस्ल
के
मौसम
की
जुस्तजू
Muzammil Raza
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कैसे
किसी
की
याद
हमें
ज़िंदा
रखती
है
एक
ख़याल
सहारा
कैसे
हो
सकता
है
Jawwad Sheikh
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तेरी
मजबूरियाँ
दुरुस्त
मगर
तूने
वा'दा
किया
था
याद
तो
कर
Nasir Kazmi
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इस
ज़िन्दगी
में
इतनी
फ़राग़त
किसे
नसीब
इतना
न
याद
आ
कि
तुझे
भूल
जाएँ
हम
Ahmad Faraz
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दिल
की
चोटों
ने
कभी
चैन
से
रहने
न
दिया
जब
चली
सर्द
हवा
मैं
ने
तुझे
याद
किया
Josh Malihabadi
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इक
बदन
की
तलब
लग
रही
है
मुझे
और
यूँँ
बे-सबब
लग
रही
है
मुझे
ज़िंदगी
में
नहीं
ख़ास
कुछ
भी
मगर
साथ
तेरे
ग़ज़ब
लग
रही
है
मुझे
आस
कितनी
लगाए
हुए
बैठे
हैं
लड़की
पेड़ों
सी
अब
लग
रही
है
मुझे
होंठ
उसके
दिखे
थे
मुझे
एक
दिन
ज़िंदगी
तब
से
लब
लग
रही
है
मुझे
बात
जो
बा-अदब
लग
रही
है
तुम्हें
वो
बड़ी
बे-अदब
लग
रही
है
मुझे
उसका
कहना
है
मैं
ख़ुद
बताऊँ
उसे
ये
तलब
कब
की
अब
लग
रही
है
मुझे
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Amanpreet singh
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हमारे
शे'र
उसकी
याद
में
गुज़रे
कि
हम
तो
उम्र
भर
इरशाद
में
गुज़रे
ख़ुदा
ये
ज़िंदगी
किस
काम
की
है
फिर
अगर
ये
वाली
भी
फ़रियाद
में
गुज़रे
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Amanpreet singh
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हवस
में
लोग
ये
क्या
कर
गए
हैं
दिलों
के
रास्तों
से
डर
गए
हैं
शिकारी
हाथ
मलता
रह
गया
है
तेरी
इक
बात
से
सब
मर
गए
है
तुझे
मैं
याद
आऊँगा
ही
क्यूँ
अब
निकल
मुझ
सेे
जो
तेरे
डर
गए
हैं
पढ़ा
मैंने
के
देखूँ
इश्क़
क्या
है
के
क्यूँ
लोगों
के
इस
में
सर
गए
हैं
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Amanpreet singh
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अब
इरादा
नहीं
किया
मैं
ने
कोई
वा'दा
नहीं
किया
मैं
ने
मात
उसकी
थी
खेल
में
फिर
भी
आगे
प्यादा
नहीं
किया
मैं
ने
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Amanpreet singh
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हमेशा
वो
बिछड़
जाने
की
बातें
करता
रहता
था
बिछड़
जाने
पे
जो
रो
के
दिखाए
जा
रहा
है
अब
Amanpreet singh
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