आँखों को आया है यक़ीं लेकिन

  - MIR SHAHRYAAR
आँखोंकोआयाहैयक़ींलेकिन
मेरादिलमानतानहींलेकिन
तूयहाँसेचलागयातोक्या
तूहैफिरभीयहींकहींलेकिन
ज़ख़्मताज़ाहैंआजभीदिलके
वक़्तमरहमसहीनहींलेकिन
दिलहवेलीअभीसलामतहै
मरगएसारेहीमक़ींलेकिन
खोदियाआसमाननेमुझको
ढूँढतीहैमुझेज़मींलेकिन
मैंउसेसचमेंभूलभीचुकाहूँ
उसकोआतानहींयक़ींलेकिन
कोईमुझकोसमझनहींपाया
लोगोंनेकोशिशेंतोकींलेकिन
पूछताहूँमैंमिलनेआओगी
कहतीहैजीवोहाँनहींलेकिन
  - MIR SHAHRYAAR
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