अबमौसम-ए-बहारपरग़ज़ललिखीहै
फिरअपनेएकयारपरग़ज़ललिखीहै
तेरीपुकारमेरीरूहतकगईथी
फिरबसतेरीपुकारपरग़ज़ललिखीहै
तुमसेेजुदानहींहुआअभीतलकमैं
तुम्हारेफिरख़ुमारपरग़ज़ललिखीहै
पहलेलिखीरक़ीबपरग़ज़लहमहीनें
बसफिरहमहीनेप्यारपरग़ज़ललिखीहै
इकवा'दातूनेजोमनोजसेकियाथा
बसउसकेइंतिज़ारपरग़ज़ललिखीहै