हुस्न उस का जमाल उस का

  - Lalit Mohan Joshi
हुस्नउसकाजमालउसका
ढारहाहैकमालउसका
हाएहुस्न-ओ-जमालउसका
मनकोभायाग़ज़ालउसका
इकनज़रसेयेहालमेरा
मारदेगाफ़िसालउसका
आँखबूढ़ीयेहोरहीहै
कबदिखेगाहिलालउसका
कैमरेमेंमैंक़ैदकरलूँ
ख़्वाबजैसाजमालउसका
भीड़मेंभीलगाअकेला
जबहोहम-ख़यालउसका
मेरेअश'आरमेंछुपाहै
यारमानोकमालउसका
अब'ललित'भीफ़िदाहुआहै
होगयाहैनिहालउसका
  - Lalit Mohan Joshi
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