maut ka intizaar kab tak ho | मौत का इंतिज़ार कब तक हो

  - Janib Vishal
मौतकाइंतिज़ारकबतकहो
ज़िंदगीसेपियारकबतकहो
फूलदमतोड़हीचुकेसारे
फिरचमनमेंबहारकबतकहो
ठानलीहैतबाहहोनाहै
दर्दसीनेसेपारकबतकहो
तूनिकलतानहींहैदिलसेपर
आसभीग़म-गुसारकबतकहो
कूदकरबसनिकलनेवालीहै
जानपरइख़्तियारकबतकहो
पड़चुकीहैनिगाहपरसूजन
नींदसेभीक़रारकबतकहो
कामभीकोईहैनहीं'जानिब'
अबगुज़ाराउधारकबतकहो
  - Janib Vishal
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