जबकभीमैंज़िंदगीकावक़्तपिछलादेखतीहूँ
मुझकोअक्सरमैंकिताबोंमेंहीउलझादेखतीहूँ
जिनपलोंमेंमेरीमाँकोमेरेपापापीटतेथे
उनपलोंमेंमैंकिनारेख़ुदकोरोतादेखतीहूँ
आरज़ूहैयेनकोईजानपाएदर्दमेरे
इसलिएभीमैंहजारोंबारशीशादेखतीहूँ
एकनंबरसेसफलताजबमेरीरुकतीकभीहै
मौतसेपहलेकामंज़रतबमैंतन्हादेखतीहूँ
बे-मुरव्वतबे-हक़ीक़तजिसकोलगतीमेरीआँखें
उसकाचेहराफिरमैंचश्मेंमेंभीधुँधलादेखतीहूँ