baad tere har ghadi KHud ko rulaau'n | बाद तेरे हर घड़ी ख़ुद को रुलाऊँ

  - Anas Khan
बादतेरेहरघड़ीख़ुदकोरुलाऊँ
सोचताहूँहरख़ुशीपेग़ममनाऊँ
औरख़ालीबैठकरक्यामैंकरूँँगा
क्यूँँउल्फ़तकातमाशाहीबनाऊँ
एकयेभीआरज़ूहैज़िन्दगीकी
ज़िन्दगीमेंज़िन्दगीकोदेखपाऊँ
मैंकिसीकोयूँँसुनातातोनहींहूँ
आपलेकिनसुनसकेंतोग़मसुनाऊँ
यादकरनेमेंतुझेमसरूफ़हूँमैं
काशक्यामसरूफ़ियतहैभूलजाऊँ
देखताहूँजबकिसीकोमैंख़ुशीमें
सोचताहूँइसख़ुशीकोभीमिटाऊँ
  - Anas Khan
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