phir na j | फिर न जाना हो तो आ सकते हो

  - Aqib khan
फिरजानाहोतोसकतेहो
सचमेंआनाहोतोसकतेहो
तुममिराग़मतोबाँटनेसेरहे
दिलदुखानाहोतोसकतेहो
मेरामुझमेंरहानहींकुछभी
कुछपानाहोतोसकतेहो
मैंकोईराज़खोलताहीनहीं
कुछबतानाहोतोसकतेहो
ऐसेकैसेतुम्हेंमैंआनेदूँ?
कुछबहानाहोतोसकतेहो
इकनिशाँआपकाबचाहुआहै
वोमिटानाहोतोसकतेहो
क्यूँदलीलेंरईसज़ादासुने
गिड़गिड़ानाहोतोसकतेहो
मैंभीअबहोगयातुम्हारीतरह
आज़मानाहोतोसकतेहो
  - Aqib khan
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