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100rav
KHuda vo neend de rokar jagaayein sab
KHuda vo neend de rokar jagaayein sab | ख़ुदा वो नींद दे रोकर जगाएँ सब
- 100rav
ख़ुदा
वो
नींद
दे
रोकर
जगाएँ
सब
कहा
था
उसने
हाँ
अच्छे
से
सोना
तुम
- 100rav
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जैसे
देखा
हो
आख़िरी
सपना
रात
इतनी
उदास
थीं
आँखें
Siraj Faisal Khan
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मैं
क्या
बताऊँ
वो
कितना
क़रीब
है
मेरे
मेरा
ख़याल
भी
उसको
सुनाई
देता
है
वो
जिसने
आँख
अता
की
है
देखने
के
लिए
उसी
को
छोड़
के
सब
कुछ
दिखाई
देता
है
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Zubair Ali Tabish
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हम
उसे
आँखों
की
दहलीज़
न
चढ़ने
देते
नींद
आती
न
अगर
ख़्वाब
तुम्हारे
लेकर
एक
दिन
उसने
मुझे
पाक
नज़र
से
चूमा
उम्र
भर
चलना
पड़ा
मुझको
सहारे
लेकर
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Aalok Shrivastav
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जाने
किस
किस
का
ख़याल
आया
है
इस
समुंदर
में
उबाल
आया
है
एक
बच्चा
था
हवा
का
झोंका
साफ़
पानी
को
खंगाल
आया
है
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Dushyant Kumar
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तिरा
ख़याल
बहुत
देर
तक
नहीं
रहता
कोई
मलाल
बहुत
देर
तक
नहीं
रहता
उदास
करती
है
अक्सर
तुम्हारी
याद
मुझे
मगर
ये
हाल
बहुत
देर
तक
नहीं
रहता
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Noon Meem Danish
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नींद
भी
जागती
रही
पूरे
हुए
न
ख़्वाब
भी
सुब्ह
हुई
ज़मीन
पर
रात
ढली
मज़ार
में
Adil Mansuri
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बाग़बाँ
हम
तो
इस
ख़याल
के
हैं
देख
लो
फूल
फूल
तोड़ो
मत
Jaun Elia
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कैसे
किसी
की
याद
हमें
ज़िंदा
रखती
है
एक
ख़याल
सहारा
कैसे
हो
सकता
है
Jawwad Sheikh
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रात
भी
नींद
भी
कहानी
भी
हाए
क्या
चीज़
है
जवानी
भी
Firaq Gorakhpuri
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नींद
के
दायरे
में
हाज़िर
हूँ
ख़्वाब
के
रास्ते
में
हाज़िर
हूँ
याद
है
इश्क़
था
कभी
मुझ
सेे
मैं
उसी
सिलसिले
में
हाज़िर
हूँ
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Ejaz Tawakkal Khan
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बिन
पर
ही
बादलों
में
थे
इक
रोज़
आशिक़ों
में
थे
वो
पेड़
काट
ले
गया,
हम
उलझे
जब
फलों
में
थे
मुस्कान
जल
चुकी
है
अब,
तेज़ाब
आँसुओं
में
थे
चूज़े
बिलों
में
छुप
गए,
जब
साँप
घोसलों
में
थे
काँधे
पे
कैसे
आया
मैं,
जब
दोस्त
बाज़ुओं
में
थे
हम
क़त्ल
भी
किए
गए
शामिल
भी
क़ातिलों
में
थे
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100rav
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खेलना
ही
मत
कभी
शतरंज
घर
में
चाल
चलना
पड़ता
है
अपनों
के
आगे
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तू
ज़हमत
लौटने
की
करना
भी
मत
सँभलता
देख
अब
घर
वाले
ख़ुश
हैं
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दु'आ
देता
है
जब
'आशिक़
कि
उसके
साथ
ख़ुश
रहना
सही
म'अनी
में
'आशिक़
बद-दु'आ
देता
है
देखें
तो
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किसी
दिन
ढूँढने
का
मन
करे
तो
बस
वहीं
आना
सभी
जाते
कहाँ
है
ग़ौर
करना
ख़ुद-कुशी
करके
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